Menu

शिक्षा (82)

पोर्टल को शीघ्र शुरू करने की मांग

बीकानेर। जिले के पचास फीसदी स्कूलों की मान्यता खटाई में होने के संबंध में दैनिक नेशनल राजस्थान में प्रकाशित समाचार के बाद स्वयंसेवी शिक्षण संस्था संघ हरकत में आया है। संगठन के जिलाध्यक्ष कोडाराम भादू ने प्रारंभिक शिक्षा निदेशक को ज्ञापन देकर निजी विद्यालयों की मान्यता के १४ जुलाई को बंद किए गए पोर्टल को शीघ्र शुरू करने की मांग की है। ज्ञापन में बताया कि शिक्षा विभाग की ओर से सत्र 2017-18 में नवीन मान्यता क्रमोन्नति, अतिरिक्त विषय, स्थान परिवर्तन के लिए ऑनलाइन आवेदन मांगे। अनेक विद्यालयों का अभी तक निरीक्षण नहीं हुआ है। 14 जुलाई को अचानक पोर्टल बन्द कर देने से आधे से अधिक विद्यालयों के निरीक्षण के लिए पैनल दल गठित नहीं हो पाए। जिसके बिना मान्यता संभव नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि गत वर्ष ऐसी ही स्थिति 25 मार्च 201७ को अचानक पोर्टल बन्द कर दिया गया। जिसके कारण पैनल निरीक्षण दलों की अनुशंसा के बावजूद जिले के 42 निजी विद्यालयों को मान्यता नहीं मिल पाई।

Read more...

प्राचार्य को सौंपा ज्ञापन

बीकानेर। राजकीय विधि महाविद्यालय में छात्रसंघ महासचिव विकास छंगाणी के नेतृत्व में शुक्रवार को कार्यवाहक प्राचार्य को ज्ञापन सौंपा। इसमें बताया गया कि विधि प्रथम वर्ष का परिणाम आए बिना विधि द्वितीय वर्ष में प्रवेश देना अनुचित है। उन्होंने परिणाम आए बिना विधि द्वितीय वर्ष में प्रवेश नहीं देने की मांग की है। इस दौरान गौरव बिन्नाणी, सत्येन्द्र मोदी, अनिरूद्ध आचार्य, श्रवण भादू, राजेन्द्र प्रजापत, धीरज देरासरी आदि मौजूद थे।

Read more...

फेस्टिवल ऑफ एजुकेशन में भाग लेंगे बीकानेर के दो मेधावी विद्यार्थी

बीकानेर। राज्य सरकार और जेम्स समूह के संयुक्त तत्वावधान में जयपुर एक्जीबिशन एवं कन्वेंशन सेंटर में शनिवार से प्रारम्भ होने वाले दो दिवसीय फेस्टिवल ऑफ एजुकेशन में बीकानेर के दो मेधावी विद्यार्थी भाग लेंगे। रमसा के एडीपीसी हेतराम सारण ने बताया कि फेस्टिवल ऑफ एज्युकेशन में राजकीय आदर्श उच्च माध्यमिक विद्यालय कालू के विद्यार्थी अनिल भादू एवं राजकीय आदर्श उच्च माध्यमिक विद्यालय खियेरा के लीलाधर ज्याणी पांच अगस्त को जिले का प्रतिनिधित्व करेंगे। समारोह में मुख्यमंत्री वसुन्धरा राजे राज्य के विद्यालयों के सुदृढ़ीकरण के लिए बनाए गए सीएसआर पोर्टल ज्ञान संकल्प और मुख्यमंत्री विद्यादान कोष का विधिवत लोकार्पण करेंगी।

Read more...

52 निजी स्कूलों को मान्यता जारी

बीकानेर। शिक्षा सत्र २०१७-१८ में नवीन मान्यता जारी होने का सिलसिला शुरू हो गया है। जिला शिक्षा अधिकारी प्रारंभिक उमाशंकर किराड़ू ने शुक्रवार को जिले की ५२ स्कूलों के मान्यता व क्रमोन्नति आदेश जारी कर दिए। उन्होंने बताया कि जिन स्कूलों के ऑनलाइन आवेदन के आधार पर पैनल निरीक्षण किया गया। रिपोर्ट के आधार पर आदेश जारी किए गए हैं। इसकी सूची जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के नोटिस बोर्ड पर चस्पा की गई है। डीईईओ ने बताया कि अन्य आवेदक प्रक्रियाधीन है। इसकी सूचना संबंधित के लोगिन पर भेजी जा रही है। मान्यता संबंधी आदेश महेन्द्र पोटलिया से प्राप्त किए जा सकते हैं।

Read more...

नवीन मॉड्यूल में सूचनाएं करनी होगी अपलोड

बीकानेर। पदेन पंचायत प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों व ब्लॉक प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों को शाला दर्पण पोर्टल पर विद्यालय व विद्यार्थियों से संबंधित सूचनााएं नवीन मॉड्यूल में अपलोड करने के निर्देश दिए गए हंै। जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक शिक्षा व जिला शिक्षा अधिकारी प्रारंभिक शिक्षा उमाशंकर किराडृू ने शुक्रवार को इस आशय के आदेश जारी किए। इसमें विद्यालय प्रोफाइल अपडेट करने, अक्षय पेटिका प्रपत्र, विद्यार्थी प्रमोट अथवा नाम हटाना, नवप्रवेशित की प्रविष्टि, विद्यार्थी विस्तृत विवरण, कक्षा छह से आठवीं तक तृतीय भाषा चयन आदि नवीन मॉडयूल में इन्द्राज करने के निर्देश दिए हैं।

Read more...

पुस्तकें उपलब्ध कराने की मांग

बीकानेर। श्री नेहरू शारदा पीठ महाविद्यालय छात्रसंघ अध्यक्ष रूपसिंह के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल ने प्राचार्य को ज्ञापन देकर पुस्तकालय में पुस्तकें उपलब्ध कराने की मांग की। प्राचार्य ने उपलब्धता शीघ्र सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया। इस दौरान विकास सिंह, भागीरथ रामावत, श्रवणसिंह आदि मौजूद थे।

Read more...

पास को प्रवेश की मांग, एनएसयूआई ने किया प्रदर्शन

बीकानेर। पास को प्रवेश देने, एमएससी की सीटें बढ़ाने व कॉलेज में पानी तथा सफाई की पुख्ता व्यवस्था करने की मांग को लेकर एनएसयूआई के सुंदरलाल बैरड़, श्रीकृष्ण गोदारा, रोहित बाना व निकिता बाना के नेतृत्व में छात्रों ने डूंगर महाविद्यालय में मुख्य द्वार बंद कर प्रदर्शन किया। इस दौरान टायर जलाकर नारेबाजी की तथा प्राचार्य कक्ष का घेराव किया। इस अवसर पर चेतावनी दी गई कि समय रहते मांगों पर गौर नहीं किया गया, तो आंदोलन तेज किया जाएगा। प्रदर्शन में छात्रनेता रामचन्द्र भादू, रोहित बाना, प्रमोद विश्नोई रितेश सेवग, मदन सिहाग, अनिल भाटी, अनोपाराम, रेणु विश्नोई, उषा, मीनू, दीपा, सरस्वती, वैशाली, हिमानी, मधु, रेखा, प्रियंका आदि शामिल थे।

Read more...

मदरसा के बच्चों ने निकाली रैली

बीकानेर। सब के लिए तालिम मुहिम के तहत मदरसा नूरानी तालिमुल कुरआन के बच्चों ने रानीसर बास मोहल्ले में रैली निकाली। लोगों में तालिम बेदारी पैदा करने के लिए हाथों में बैनर और तख्तियां उठाए बच्चे विभिन्न गलियों से गुजरे। इस दौरान बच्चों व उनके साथ चल रहे शिक्षा सहयोगी कौसर जहां, नाहिदा परवीन और नसरीन बानो ने बच्चों को मदरसा में प्रवेश दिलवाकर तालिम दिलवाने की बात कही। रैली में मदरसा अध्यक्ष हाजी महबूब राठौड़, सचिव हाजी सिकंदर अली, कोषाध्यक्ष हैदर अली भाटी, मौलाना इस्लामूद्दीन आदि शामिल थे।

Read more...

शिक्षा के अधिकार में बदलाव पर प्रतिक्रिया

डीएनआर रिपोर्टर. बीकानेर, कल के नेशनल राजस्थान के मुखपृष्ठ पर छपी खबर 'शिक्षा के अधिकार में बदलाव' 'अब 5वीं 8वीं में भी हो सकते हैं फेलÓ खबर की शिक्षा जगत में काफी चर्चा हुई है। विभिन्न स्कूलों में कार्यरत सरकारी व गैर सरकारी शिक्षकों की प्रतिक्रिया कुछ इस प्रकार है:-

वरिष्ठ अध्यापक सोमकुमार व्यास ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि सरकार का यह निर्णय सराहनीय है इससे बच्चों का सर्वांगीण विकास होगा और शुरू से ही बच्चों में पढऩे की रूचि पैदा होगी। जब विद्यार्थी को पांच व आठ कक्षा में फेल ही नहीं किया जा रहा था तो बिना योग्यता के मजबूरी में बच्चे को पास करना पड़ता था। इससे शिक्षक पर भी कार्यभार बढ़ जाता था। अब इस निर्णय से योग्य व प्रतिभावान विद्यार्थी है उसको ज्यादा प्रोत्साहन मिलेगा।
वरिष्ठ अध्यापक आनन्द व्यास ने कहा कि इससे शिक्षा का स्तर बढेगा और विद्यार्थीयों में पढऩे की आदत का विकास होगा। विद्यार्थीयों को पता है कि उनको आठवीं कक्षा तक अनुत्तीर्ण नहीं किया जाएगा तो पढ़ाई के प्रति रूचि कम होती है और माध्यमिक स्तर के परीक्षा परिणाम पर विपरीत प्रभाव पड़ता है। व्यास ने कहा कि यही वह समय होता है जब बच्चे में शिक्षा की नींव पड़ती है।  
निजी स्कूल के संचालक मनोज व्यास ने इस निर्णय कहा कि इस निर्णय से कक्षा पांच तक तो कोई विशेष फर्क नहीं पड़ेगा लेकिन कक्षा आठ तक आते विद्यार्थी का आंकलन करना जरूरी है। अत: कक्षा आठ में विद्यार्थी के मूल्यांकन परीक्षा के माध्यम से करने से योग्य विद्यार्थी ही आगे जाएंगे और जो आगे नहीं जा सके उनको अपनी योग्यता बढ़ाने का अवसर मिलेगा।
व्याख्याता शिवचरण जोशी कहा कि शिक्षक वर्ग व शिक्षा जगत की क्षवि सुधारने की दशा में सकारात्मक सुखद पहल है। निश्चय ही शिक्षा मात्रात्मकता की राह से गुणात्मकता की ओर अग्रसर होगी और अपने उच्चतम अर्थ में फलीभूत होगी। इससेें नवऊर्जा व संचारित होगी व शिक्षक व शिक्षा की प्रतिष्ठा एक पायदान ऊपर स्थापित होगी। अभिभावक व समाज को महत्ती भूमिका निभानी होगी।
वरिष्ठ अध्यापक महेन्द्र मोहता ने कहा यह निर्णय शिक्षा जगत में स्वागत योग्य है। सरकार की अनुत्तीर्ण नहीं करने की नीति से शिक्षकों में पढ़ाने के प्रति अरूचि का माहौल था और बच्चा भी स्कूल में मात्र औपचारिकता पूरी करने आता था। इस निर्णय से शिक्षक व शिक्षार्थियों दोनों में सकारात्मक संबंध व वातावरण का निर्माण होगा।
अध्यापक विकास चौधरी ने कहा है कि आठवीं तक छात्रों को फेल न करने की नीति से छात्रों का शैक्षिक स्तर गिर रहा था और अध्यापकों में भी अध्यापन के प्रति गंभीरता खत्म होती जा रही थी। विद्यार्थियों व शिक्षकों में अध्ययन अध्यापन के प्रति जो उदासीनता की स्थिति उत्पन्न हो रही थी उससे उबरने में यह निर्णय संजीवनी सिद्ध होगा।
वरिष्ठ अध्यापक मनोज कल्ला ने कहा कि कक्षा पांच तक विद्यार्थी को अनुत्तीर्ण नहीं करना चाहिए क्योंकि अनुत्तीर्ण होने से विद्यार्थी में नकारात्मक भाव व शिक्षा के प्रति अरूचि उत्पन्न होती है लेकिन कक्षा छ: से आठ तक में विद्यार्थीयों को अतिरिक्त अवसर और देना चाहिए ताकि उनको शैक्षणिक विकास के ज्यादा अवसर प्राप्त हो।
अध्यापिका नजम खिलजी ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार का यह निर्णय सराहनीय है और इससे बच्चों का भविष्य सुधरेगा। ग्रामीण क्षेत्रों में जहां शिक्षा का माहौल कम है वहां पुरानी नीति से शैक्षणिक माहौल और नकारात्मक बना था। इस निर्णय से छात्र पढ़ाई में रूचि लेंगे और शिक्षा गंभीर बनेगी।
वरिष्ठ अध्यापक प्रवीण टाक ने कहा कि उच्च प्राथमिक कक्षाओं तक निरंतर उत्तीर्ण करने की नीति नि:संदेह गलत थी सरकार द्वारा किया जा रहा यह संशोधन स्वागत योग्य है। इस कदम से निश्चित रूप से शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार आएगा और गुणात्मक शिक्षा से बच्चे का विकास होगा जो जीवनपर्यन्त काम करेगा।
निजी विद्यालय में अध्यापक मुकेश व्यास ने कहा कि इससे स्तरीय शिक्षा होगी व विद्या का सही अर्थ समझ आएगा। इससे शिक्षा की औपचारिकता समाप्त होगी। इस निर्णय से वे विद्यार्थी जो पढना चाहते हैं उनको उचित व वास्तविक अवसर प्राप्त होंगे।
महिला अध्यापक रूपमणी स्वामी ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार के इस निर्णय से बच्चों में स्वाध्याय की आदत का विकास होगा और राज्य व राष्ट्रीय स्तर पर सकारात्मक परीक्षा परिणाम देचखने को मिलेंगे। स्वामी ने कहा कि कक्षा 5 व 8 में अनुत्तीर्ण नहीं करने से बच्चों में शिक्षा के प्रति रूचि कम हुई है और शिक्षा की गंभीरता भी कम हुई है। इस निर्णय से गंभीर व उचित शैक्षणिक माहौल का निर्माण होगा।

Read more...

कुलपति को सौंपा ज्ञापन

डीएनआर रिपोर्टर. बीकानेर, पांच सूत्री मांगों को लेकर गुरुवार को प्रफुल हटीला के नेतृत्व में विद्यार्थियों ने महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय के कुलपति को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया कि सामान्य वर्ग के लिए शुल्क में बेतहाशा वृद्धि कर दी गई। कुलपति के आने के बावजूद अंक तालिकाओं के मिलने में विलंब हो रहा है। वहीं विवि परिसर में कैंटीन विद्यार्थियों के लिए कैंटीन आदि सुविधाओं का अभाव है। छात्रसंघ अध्यक्ष विक्रम सिंह भाटी, उपाध्यक्ष जितेन्द्र ढ़ाल, पूर्व अध्यक्ष विष्णु साध, उपाध्यक्ष, ब्रह्मदेव गोदारा, महासचिव महेष जाजड़ा, अंकुर ग्रेवाल, गिरीराज पारीक, अर्जून, आदित्य, सोमदश्र व्यास, मनोज हाटिला, सुनील हाटीला इत्यादि छात्रनेता मौजूद थे।

Read more...
Subscribe to this RSS feed

Bikaner Trusted News Portal

  • Bikaner Local News
  • National News
  • Sports News
  • Bikaner Events
  • Rajasthan News